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Tuesday, August 18, 2020

कोरोना से त्रस्त छै | Angika Kavita | अंगिका कविता | अंजनी कुमार शर्मा | Angika Poetry | Anjani Kumar Sharma


कोरोना से त्रस्त छै | अंगिका कविता | अंजनी कुमार शर्मा  
| Angika Kavita |Angika Poetry | Anjani Kumar Sharma

कोरोना से त्रस्त छै सारा हिंदुस्तान

अब कुछ करोह न तों हो, जय जय जय हनुमान

जय जय जय हनुमान,पुछरी में ले समेटी 

समुंदर में फेंकी दहो बांधी के पेटी 

नै ते सबके उड़ी, चीन में दहो फेंकी

खैतो जहां सबने, मिली के सेंकी सेंकी

कोरोना से त्रस्त छै | अंगिका कविता | अंजनी कुमार शर्मा  
Angika Poetry | Anjani Kumar Sharma



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